
लखीमपुर खीरी (the_up_top_voice)। लखीमपुर नगर में पालिका के विकास कार्यों के दावों की सच्चाई उजागर करने से नाराज चेयरपर्सन के कथित प्रतिनिधि ने एक प्रमुख दैनिक अखबार के पत्रकार के साथ मारपीट की. घटना के समय उक्त पत्रकार चेयरपर्सन के गांधी जयंती के कार्यक्रम की कवरेज करने ही गया था. वहीं पर मारपीट की गई। इस घटना के बाद जिले के पत्रकारों में रोष फैल गया, मुख्यालय के पत्रकार कोतवाली पहुंच गए। पुलिस ने भी त्वरित कार्रवाई करते हुए मुकदमा दर्ज कर आरोपी को हिरासत में ले लिया। फिलहाल घटना के बाद जिले के पत्रकार आक्रोशित हैं, इस बीच भाजपा जिलाध्यक्ष सुनील सिंह ने पत्र जारी कर घटना की निंदा की और पुलिस से कार्रवाई के लिए कहा है।

दरअसल लखनऊ से प्रकाशित एक दैनिक समाचार पत्र के पत्रकार विकास चंद्र सहाय कई सामाजिक संगठनों के जुड़े हुए हैं एवं दो दशक से ज्यादा समय से प्रतिष्ठित अखबार में रिपोर्टिंग कर रहे हैं। बताते हैं कि विकास चंद सहाय के पास शहर की नगर पालिका बीट है जिस पर वह अक्सर मुहल्लों के हालात और विकास के दावों की खबर लिखते हैं । पत्रकार के अनुसार उनकी खबरों से खफा चल रहे चेयर पर्सन के कथित प्रतिनिधि शुभयम मिश्रा पहले भी उन्हें खबर न छापने की चेतावनी दे चुके थे। रविवार को पत्रकार सहाय गांधी जयंती के मौके पर शहर के कृष्ण टॉकीज के पास बने पार्क में चेयरपर्सन निरुपमा बाजपेई की कवरेज करने गए थे, इस दौरान वहां मौजूद शुभयम मिश्रा उन्हें खबरें प्रकाशित करने से मना किया, और उन्हें उलाहना देने लगे, तभी अचानक वह आग बबूला हो गए और विकास सहाय से मारपीट करने लगे । मौके पर विकास जे साथी ने ही उन्हें बचाया। उसके बाद इस घटना की जानकारी पत्रकारों को हुई, आनन फानन में अधिकांश पत्रकार कोतवाली पहुंच गए और विकास सहाय ने आरोपी के खिलाफ तहरीर दी । पुलिस ने तुरंत मुकदमा दर्ज कर चेयर पर्सन के पति के क्लीनिक और उनके आवास पर आरोपी को तलाश किया। एक घंटे बाद पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया ।
जिले भर के पत्रकारों में है आक्रोश, जगह जगह हुईं बैठक

विकास सहाय के साथ हुई मारपीट की घटना के बाद जिले भर के पत्रकारों में रोष है । जिले के कई प्रमुख स्थानों पर पत्रकारों ने आनन-फानन में मीटिंग बुलाई , और और घटना की निंदा की। पलिया, गोला, मैलानीज़ धौराहरा, बिजुआ और निघासन में आकस्मिक बैठक कर इस घटना की निंदा की गई । और प्रशासन से ऐसी घटना की पुनरावृत्ति ना हो इसके लिए मांग की गई।





