लखीमपुर के पंडित दीनदयाल उपाध्याय विद्या मंदिर इंटर कॉलेज के मेघा अलंकरण समारोह और वार्षिकोत्सव समारोह का किया शुभारंभ

लखीमपुर (खीरी) (TheUpTopVoice)। लखीमपुर जिले में पं. दीनदयाल उपाध्याय सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज यूपी बोर्ड व सीबीएसई बोर्ड एवं सनातन धर्म सरस्वती विद्या मंदिर बालिका इंटर कॉलेज का संयुक्त मेघा अलंकरण एवं वार्षिकोत्सव समारोह आयोजित हुआ। । कार्यक्रम का शुभारंभ प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने दीप प्रज्ज्वलन एवं मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण कर किया। राष्ट्रगान से कार्यक्रम की शुरुवात हुई।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा कि खीरी आकर बहुत ही खुशी महसूस कर रही हूं। पिछले चार-पांच माह से प्रयास करती थी कि नेपाल सीमा पर बसे जनपद खीरी जाकर वहां के लोगों से मिल सकूं। किन्ही कारणों से ना आ सकी। आज यह अवसर प्राप्त हुआ कि इतनी बड़ी संख्या में बेटे-बेटियों से मिलने का मौका मिला। शिक्षा के लिए अनवर प्रयासों के लिए विद्या भारती एवं संघ को बधाई देती हूँ । विद्याभारती लगातार शिक्षा देने और देश को आगे बढ़ाने का काम कर रही। आज मेधावी छात्र-छात्राओं, आदर्श बच्चों व कला संस्कृति के क्षेत्र में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले बच्चों को सम्मानित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बिल्डिंग बनाने वाले एवं बिल्डिंग की पहली ईट रखने वालों को याद किया जा रहा। चालक से सफाई कार्मिक तक सभी को सम्मान दिया जा रहा। सभी के सहयोग से संस्थाएं अच्छी चलती है और लंबे समय तक टिकती है। मुझे सालों तक विद्या भारती के साथ काम करने का मौका मिला।
- नई शिक्षा नीति को लेकर राज्यपाल ने ये कहा-
राज्यपाल ने कहा, “ हर बच्चे में कोई न कोई प्रतिभा होती है। इस तरह के कार्यक्रम के माध्यम से बच्चों के अंदर छिपी उनकी प्रतिभाओं को और निखारा जा सकता है।” उन्होंने कहा कि नई शिक्षा नीति, इक्कीसवीं सदी के भारत की नींव तैयार करने वाली है। इस नीति की सबसे बड़ी विशेषता एक मजबूत अनुसंधान संस्कृति को बढ़ावा देना है। शिक्षकों को चाहे वह स्कूल के हो, कालेज के हो या विश्व विश्वविद्यालय स्तर के सभी को बाहर निकलकर गांव तक पहुचना होगा। गांवों को गोद लेना होगा। वहां की जरूरतों को समझ कर उनके अनुसार संसाधनों का विकास भी करना होगा। आज शिक्षा के साथ योग की तालीम दी जा रही है। मुझे आंगनबाड़ी में बहुत रूचि है। आंगनबाड़ी कॉलेज यूनिवर्सिटी तक एक सेतू बनाना चाहिए। सबको साथ में लेकर चलें। मैने महिलाओं के विकास में भी रूचि ली। नई शिक्षा पॉलिसी में संघ विद्या भारती एवं गांव गांव तक के सुझाव शामिल किए गए। बच्चों को तैयार करने में शिक्षकों की बड़ी भूमिका है। आज का कार्यक्रम नई शिक्षा नीति का एक भाग है।
कार्यक्रम को अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान विद्या भारती के राष्ट्रीय मंत्री डॉ शिवकुमार ने अपने सारगर्भित विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम में स्कूली बैंड ने घोषवादन से उन्हें रिसीव कर कार्यक्रम स्थल तक पहुंचाया। मंच पर राज्यपाल के साथ राष्ट्रीय मंत्री, विद्या भारती- अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान डॉ शिवकुमार अध्यक्ष प्रबंध समिति डॉक्टर सतीश कौशल बाजपेई, प्रबंधक चंद्र भूषण साहनी प्रबंधक विमल अग्रवाल प्रबंधक रवि भूषण साहनी प्रधानाचार्य शिप्रा बाजपेई डॉ योगेंद्र प्रताप सिंह एवं शेषधर द्विवेदी मंचासीन रहे।
इन मेधावियों को राज्यपाल ने किया सम्मानित

राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने पं. दीनदयाल उपाध्याय सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज (यूपी बोर्ड) के हाई स्कूल में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले अनिकेत प्रजापति, इंटरमीडिएट में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले विनीत कुमार राजपूत को स्वर्ण पदक प्रदान कर सम्मानित किया। सीबीएसई बोर्ड के हाईस्कूल में मेधावी छात्र प्रशांतदीप वर्मा एवं इंटरमीडिएट के मेधावी छात्र विनय पटेल को स्वर्ण पदक देकर अलंकरण किया। सनातन धर्म सरस्वती विद्या मंदिर बालिका इंटर कॉलेज की हाईस्कूल की मेधावी छात्रा शैलजा दीक्षित एवं इंटरमीडिएट की मेधावी छात्रा अंजली सिंह कुशवाहा को स्वर्ण पदक देकर सम्मानित किया।
इन्हें भी मिला सम्मान :
राज्यपाल की मौजूदगी में संगठन एवं विद्यालय के पदाधिकारियों द्वारा संयुक्त रूप से कार्यक्रम में 107 मेधावी बच्चों को रजत पदक देकर सम्मानित किया गया जिसमें 29 बालिकाएं एवं 71 बालक शामिल हैं। इसके अलावा 18 सर्वश्रेष्ठ आचार्य एवं आचार्यों को सम्मानित किया गया। 03 नॉन टीचिंग स्टाफ एवं 09 चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को भी पुरस्कृत किया। इसके अलावा यूपी एवं सीबीएसई बोर्ड को पहली ईट से मूर्त रूप देने में राजमिस्त्री रामदत्त को भी पुरस्कृत किया गया।





